Overview
सावयव भाग्य कर्नाटक कृषि विभाग की जैविक खेती को बढ़ावा देने वाली योजना है। इसके अंतर्गत जैविक क्षेत्रीय संघों (organic clusters) के माध्यम से किसानों को जैविक इनपुट, जैविक प्रमाणन, प्रशिक्षण, मूल्य संवर्धन एवं विपणन सहायता का 3 वर्ष का समेकित पैकेज दिया जाता है। इसका उद्देश्य रासायनिक खेती पर निर्भरता घटाना, मृदा स्वास्थ्य सुधारना और किसानों को जैविक उत्पादों का बेहतर बाजार मूल्य दिलाना है।
Who it's for
Eligibility
- आवेदक कर्नाटक राज्य का निवासी किसान होना चाहिए
- सभी श्रेणी के किसान आवेदन के पात्र हैं
- किसान जैविक क्षेत्रीय संघ/कलस्टर के माध्यम से जुड़ें
- होबली किसान संपर्क केंद्र अथवा तालुक सहायक कृषि निदेशक कार्यालय में आवेदन आवश्यक
Who is not eligible
- जैविक कलस्टर से न जुड़ने वाले असंगठित किसान
- योजना की शर्तों/जैविक पद्धति का पालन न करने वाले आवेदक
Documents required
How to apply
- 1अपने होबली के किसान संपर्क केंद्र (Raitha Samparka Kendra) या तालुक सहायक कृषि निदेशक कार्यालय में संपर्क करें
- 2जैविक क्षेत्रीय संघ/कलस्टर में सदस्यता लेकर आवश्यक दस्तावेजों सहित आवेदन जमा करें
- 3स्वीकृति के बाद 3 वर्ष तक इनपुट, प्रमाणन, प्रशिक्षण एवं विपणन सहायता का लाभ लें
Frequently asked questions
योजना का लाभ कितने वर्ष तक मिलता है?
सावयव भाग्य के अंतर्गत जैविक कलस्टर के माध्यम से किसानों को इनपुट, प्रमाणन, प्रशिक्षण, मूल्य संवर्धन एवं विपणन सहायता का 3 वर्ष का पैकेज मिलता है।
आवेदन कहां करना होगा?
किसान अपने होबली के किसान संपर्क केंद्र या तालुक सहायक कृषि निदेशक कार्यालय में जैविक क्षेत्रीय संघ/कलस्टर के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं।
Disclaimer: This information is for general guidance only. ClariNexusHub is not a government body. Scheme rules and amounts can change, so always confirm the details and apply on the official portal linked below.